राज्य में उद्योग स्थापना के लिए भूमि खरीदने के लिए शासन स्तर से अनुमति देने की व्यवस्था की गई है। पहले जिला स्तर पर अनुमति देने की व्यवस्था थी।
प्रदेश में उद्योग स्थापना के लिए भूमि क्रय की प्रक्रिया पूरी होने के बाद निवेशकों को भूमि को गैर कृषि कराने के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। वह वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे, एक सप्ताह के भीतर यह प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।
राज्य में उद्योग स्थापना के लिए भूमि खरीदने के लिए शासन स्तर से अनुमति देने की व्यवस्था की गई है। पहले जिला स्तर पर अनुमति देने की व्यवस्था थी। अब ऑनलाइन आवेदन किया जाता है, जिसका शासन परीक्षण करने के बाद ही भूमि क्रय को लेकर फैसला करता है। अगर भूमि क्रय (धारा-154) की अनुमति मिल जाती है, तो आवेदक भूमि को गैर कृषि कराने (धारा143) कराने के लिए संबंधित जिले में आवेदन करना होता है।
क्या कहते हैं अधिकारी
राजस्व परिषद सचिव रंजना राजगुरु बताती हैं कि सरलीकरण के तहत 143 से जुड़ी व्यवस्था को ऑनलाइन व्यवस्था से जोड़ दिया गया है। इसमें जैसे ही भूमि क्रय करने की अनुमति मिलेगी, उसी के साथ ही ई भू-अनुमति वेबसाइट पर 143 के आवेदन का भी विकल्प आ जाएगा और जिस जिले से जुड़ा विषय होगा वहां के जिले के राजस्व विभाग के पास सूचना चली जाएगी। संबंधित अधिकारी को एक सप्ताह के अंदर 143 से जुड़ी प्रक्रिया को पूरा करना होगा। अगर एक सप्ताह में निर्णय नहीं होता है तो यह स्वत: हो जाएगा।